मुंबई: टाइगर श्रॉफ फायरिंग मामला में एक बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। मुंबई क्राइम ब्रांच ने गुजरात के सूरत से दो पिस्तौल और 10 जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। इस मामले में अब तक 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है और गहन जांच जारी है।
सूरत से हथियारों की बरामदगी
शनिवार को जांच अधिकारी ने बताया कि फायरिंग में इस्तेमाल हथियारों की तलाश में सूरत में छापेमारी की गई थी। वहां से दो पिस्तौल और 10 जीवित कारतूस जब्त हुए हैं। ये हथियार कथित तौर पर शूटरों तक पहुंचाए गए थे। बरामदगी इस केस में एक अहम सबूत मानी जा रही है।
शूटर्स और हैंडलर का कनेक्शन
जांच में सामने आया है कि शूटर घटना के दौरान और उसके बाद भी फोन कॉल व मैसेज के जरिए अपने हैंडलर के संपर्क में थे। हैंडलर उन्हें जांच की प्रगति, संदिग्धों की पहचान और पुलिस की कार्रवाई की पल-पल की जानकारी दे रहा था। जांचकर्ताओं को शक है कि कोई व्यक्ति टीवी न्यूज चैनलों पर नजर रखकर सूचनाएं शूटरों तक पहुंचा रहा था। हालांकि, इस व्यक्ति की पहचान अभी उजागर नहीं हुई है।
सीसीटीवी फुटेज प्रसारित होते ही बदली रणनीति
जब फायरिंग से जुड़े सीसीटीवी फुटेज और व्लॉगर्स के वीडियो में संदिग्धों की तस्वीरें सामने आईं, तो आरोपी रेहान अंसारी को कथित तौर पर इलाका छोड़ने का निर्देश मिला। इससे साफ है कि आरोपियों को मीडिया कवरेज और पुलिस मूवमेंट की रियल-टाइम जानकारी मिल रही थी। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि निर्देश देने वाला शख्स कौन था और वह किस माध्यम से संपर्क में था।
डिजिटल सबूतों की पड़ताल
जांच एजेंसियां आरोपियों और उनके सहयोगियों द्वारा इस्तेमाल किए गए कम्युनिकेशन नेटवर्क की गहन जांच कर रही हैं। पुलिस ने आरोपियों के पास से तस्वीरें, वीडियो और चैट रिकॉर्ड जैसे डिजिटल सबूत भी बरामद किए हैं। इनके जरिए साजिश की कड़ियां जोड़ने की कोशिश हो रही है। पता चला है कि पुलिस की गतिविधियों की भनक लगते ही संदिग्धों ने अपनी यात्रा योजनाएं और परिवहन के साधन बदल लिए थे।
अनिल पंडित और अन्य की भूमिका
जांचकर्ता अमेरिका में मौजूद होने की आशंका वाले अनिल पंडित की भूमिका खंगाल रहे हैं। इसके अलावा हरियाणा के सोनीपत से गिरफ्तार अंकित खट्टर और समीर खत्री से भी पूछताछ जारी है। आशंका है कि इंटरनेट बेस्ड कम्युनिकेशन ऐप्स के जरिए रेहान अंसारी तक निर्देश पहुंचाए गए थे।
कानूनी कार्रवाई और आगे की जांच
- घटना: 18 अक्टूबर को जुहू के पुष्पा पार्क इलाके में फायरिंग।
- नुकसान: टाइगर श्रॉफ बाल-बाल बचे, उनका ड्राइवर और एक राहगीर घायल।
- धाराएं: भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 109(1) और 3(5) तथा आर्म्स एक्ट की धारा 3 व 25 के तहत केस दर्ज।
फिलहाल मुंबई क्राइम ब्रांच हथियारों की बरामदगी, डिजिटल साक्ष्यों और आरोपियों के संपर्क सूत्रों की जांच कर रही है। फोकस इस बात पर है कि फायरिंग में कौन-कौन शामिल था, शूटरों को निर्देश कौन दे रहा था और उन्हें पुलिस एक्शन की जानकारी कैसे मिलती रही। अधिक जानकारी के लिए मुंबई पुलिस की आधिकारिक वेबसाइट देख सकते हैं।



