बेगूसराय: बेगूसराय पुलिस ने अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत दो अलग-अलग स्थानों पर छापेमारी कर भारी मात्रा में विदेशी शराब बरामद की है। इस कार्रवाई में कुल 3566.97 लीटर विदेशी शराब जब्त करते हुए तीन तस्करों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर चलाए गए इस अभियान को जिले में शराबबंदी कानून के सख्त अनुपालन की दिशा में बड़ी कामयाबी माना जा रहा है।
बेगूसराय में भारी मात्रा में शराब बरामद: ट्रक से मिली बड़ी खेप
पहली बड़ी कार्रवाई लाखो थाना अंतर्गत साहेबपुर टोल प्लाजा NH-31 के पास हुई। गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने एक संदिग्ध ट्रक (रजिस्ट्रेशन नंबर UP32GN-3473) को रोका। तलाशी के दौरान ट्रक से 3411.72 लीटर विदेशी शराब बरामद हुई। मौके से दो अंतरराज्यीय तस्करों को गिरफ्तार किया गया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान प्रेम सिंह (पिता बालाराम, ग्राम धननिया, थाना धमाऊ, जिला वारमेड़, राजस्थान) और केवट सिंह (पिता करनाल सिंह, ग्राम ताजपुर रोड, जिला लुधियाना, पंजाब) के रूप में हुई है।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, यह शराब की खेप हरियाणा या पंजाब से बिहार के विभिन्न जिलों में खपाने के लिए लाई जा रही थी। ट्रक के केबिन और बॉडी में बने गुप्त चैंबर्स में शराब की पेटियां छिपाकर रखी गई थीं। गिरफ्तार तस्करों से पूछताछ में इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों के बारे में अहम सुराग मिले हैं, जिसके आधार पर आगे की छापेमारी जारी है।
तियाय ओपी क्षेत्र में भी मिली शराब की खेप
अभियान के दूसरे चरण में तियाय ओपी अंतर्गत ग्राम महेशपुर में छापेमारी की गई। गुप्त सूचना पर पुलिस ने स्थानीय तस्कर संजीत रॉय उर्फ गोरेलाल (पिता रामेश्वर राय, ग्राम महेशपुर) के घर पर दबिश दी। तलाशी में उसके घर से 155.250 लीटर विदेशी शराब बरामद हुई। आरोपी को मौके से ही गिरफ्तार कर लिया गया। वह लंबे समय से इलाके में शराब की अवैध बिक्री में संलिप्त बताया जाता है।
दोनों मामलों में संबंधित थानों में बिहार मद्य निषेध एवं उत्पाद अधिनियम की सुसंगत धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज कर विधि-सम्मत कार्रवाई शुरू कर दी गई है। जब्त शराब की बाजार अनुमानित कीमत लाखों रुपये आंकी जा रही है।
शराबबंदी को सख्ती से लागू करने का संकल्प
बेगूसराय के पुलिस अधीक्षक ने बताया कि जिले में शराबबंदी कानून का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जा रही है। “हमारा सूचना तंत्र लगातार सक्रिय है और हर संदिग्ध गतिविधि पर नजर रखी जा रही है। यह कार्रवाई इसी कड़ी का हिस्सा है। भविष्य में भी ऐसे अभियान जारी रहेंगे।”
जिले के सीमावर्ती इलाकों और प्रमुख राजमार्गों पर विशेष नाकेबंदी और गश्ती बढ़ा दी गई है। पुलिस ने आम नागरिकों से भी अपील की है कि शराब तस्करी से जुड़ी किसी भी जानकारी को पुलिस कंट्रोल रूम या स्थानीय थाने को दें, सूचना देने वाले की पहचान गोपनीय रखी जाएगी।
अंतरराज्यीय गिरोह का पर्दाफाश
ट्रक से गिरफ्तार दोनों तस्करों के तार अंतरराज्यीय शराब माफिया गिरोह से जुड़े होने का संदेह है। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि ये लोग लंबे समय से बिहार में शराब की सप्लाई कर रहे थे। ट्रक का रजिस्ट्रेशन उत्तर प्रदेश का है, जिससे यह आशंका बलवती होती है कि तस्कर अलग-अलग राज्यों के रास्ते बिहार में प्रवेश करते हैं। पुलिस अब इनके पूरे नेटवर्क को खंगालने में जुटी है।
उत्पाद विभाग के अधिकारियों के अनुसार, जब्त शराब के ब्रांड और बैच नंबर के आधार पर इसके निर्माण इकाई और सप्लाई चेन का पता लगाया जाएगा। बिहार उत्पाद एवं मद्य निषेध विभाग की टीम भी जांच में सहयोग कर रही है।
स्थानीय स्तर पर भी कसी जा रही नकेल
महेशपुर से संजीत रॉय की गिरफ्तारी स्थानीय स्तर पर शराब के अवैध कारोबार की जड़ें गहरी होने का संकेत देती है। ग्रामीण इलाकों में घरों से शराब बरामद होना यह दर्शाता है कि तस्कर अब शहरी सीमाओं से निकलकर गांवों को अपना ठिकाना बना रहे हैं। तियाय ओपी प्रभारी ने बताया कि इलाके के अन्य संदिग्ध ठिकानों को चिह्नित कर लगातार छापेमारी की जाएगी।
इस दोहरी सफलता से बेगूसराय पुलिस का मनोबल बढ़ा है। वरिष्ठ अधिकारियों ने छापेमारी टीम में शामिल सभी पुलिसकर्मियों को पुरस्कृत करने की घोषणा की है। जिले में शराबबंदी को प्रभावी बनाने के लिए पुलिस और उत्पाद विभाग के संयुक्त अभियान आगे भी तेज गति से चलते रहेंगे।



