रांची: झारखंड के दो होनहार स्कूली जूडो खिलाड़ी मोहन कुमार पांडेय और अनुष्का सिंह आज राष्ट्रीय चयन ट्रायल में भाग लेने के लिए रायपुर रवाना हुए। दोनों खिलाड़ियों का चयन वर्ष 2025-26 के राष्ट्रीय स्कूल खेलों में उत्कृष्ट प्रदर्शन के आधार पर किया गया है।
खेलो झारखंड से अंतरराष्ट्रीय मंच तक का सफर
झारखंड शिक्षा परियोजना परिषद, रांची द्वारा आयोजित ‘खेलो झारखंड’ कार्यक्रम राज्य के विद्यार्थियों को खेल प्रतिभा दिखाने का बड़ा मंच देता है। इसी मंच से निकले मोहन कुमार पांडेय (60 किलोग्राम भार वर्ग) और अनुष्का सिंह (63 किलोग्राम भार वर्ग) अब आईएसएफ जिम्नैसियाड-2026 के भारतीय दल में जगह बनाने के लिए राष्ट्रीय चयन ट्रायल देंगे। यह ट्रायल 17 और 18 सितंबर 2026 को रायपुर, छत्तीसगढ़ में आयोजित होगा। चयन होने पर दोनों अंडर-18 वर्ग में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे।
राष्ट्रीय चयन ट्रायल की तैयारी और चयन प्रक्रिया
टीम मैनेजर अनिश राय के नेतृत्व में खिलाड़ी हटिया रेलवे स्टेशन, रांची से रायपुर के लिए रवाना हुए। झारखंड शिक्षा परियोजना परिषद की ओर से दोनों को बेहतर प्रदर्शन के लिए शुभकामनाएं दी गईं। परिषद के अधिकारियों ने बताया कि ‘खेलो झारखंड’ का आयोजन प्रतिवर्ष किया जाता है, जिससे विद्यालय स्तर से लेकर जिला, राज्य और राष्ट्रीय स्तर तक प्रतिभाएं आगे बढ़ती हैं। इस बार दो खिलाड़ियों का अंतरराष्ट्रीय स्पर्धा के लिए चयन ट्रायल तक पहुंचना पूरे राज्य के लिए गर्व की बात है।
खिलाड़ियों का परिचय और भार वर्ग
- मोहन कुमार पांडेय: 60 किलोग्राम भार वर्ग में प्रतिभाग करेंगे।
- अनुष्का सिंह: 63 किलोग्राम भार वर्ग में दावेदारी पेश करेंगी।
दोनों खिलाड़ियों ने राष्ट्रीय स्कूल खेलों में स्वर्ण पदक जीतकर अपनी दावेदारी मजबूत की थी। अब उनका लक्ष्य राष्ट्रीय चयन ट्रायल में शीर्ष स्थान हासिल कर भारतीय दल में स्थान पक्का करना है।
आईएसएफ जिम्नैसियाड-2026 का महत्व
इंटरनेशनल स्कूल स्पोर्ट फेडरेशन (आईएसएफ) द्वारा आयोजित जिम्नैसियाड विश्व स्तर की स्कूली खेल प्रतियोगिता है। इसमें विभिन्न देशों के स्कूली एथलीट भाग लेते हैं। भारत की ओर से चयनित दल इसमें जूडो सहित कई खेलों में प्रतिस्पर्धा करेगा। अधिक जानकारी के लिए आईएसएफ जिम्नैसियाड विकिपीडिया पृष्ठ देख सकते हैं।
राज्य में खेल संस्कृति को बढ़ावा
झारखंड शिक्षा परियोजना परिषद लगातार स्कूली खेलों को बढ़ावा दे रही है। ‘खेलो झारखंड’ के माध्यम से ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के विद्यार्थियों को समान अवसर मिलते हैं। इस पहल से पिछले वर्षों में कई खिलाड़ियों ने राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाई है। मोहन और अनुष्का की यह उपलब्धि उसी कड़ी का हिस्सा है।
अभिभावकों और कोचों का मानना है कि ऐसे आयोजनों से खेल के प्रति रुझान बढ़ता है और प्रतिभाओं को सही मार्गदर्शन मिलता है। झारखंड सरकार भी खेल नीति के तहत संसाधन और प्रशिक्षण सुविधाएं मुहैया करा रही है।
अब सभी की निगाहें 17-18 सितंबर को रायपुर में होने वाले राष्ट्रीय चयन ट्रायल पर टिकी हैं। उम्मीद है कि झारखंड के ये दोनों युवा जूडोका अपने प्रदर्शन से राज्य और देश का नाम रोशन करेंगे।



